जागरण संवाददाता, एटा। प्रधानमंत्री शहरी आवास योजना में पारदर्शिता बढ़ाने के लिए नई व्यवस्था लागू कर दी गई है। अब योजना के तहत आवेदन करते समय आवेदक को अपने पूरे परिवार के आधार कार्ड का विवरण दर्ज करना अनिवार्य होगा।
नई प्रक्रिया लागू होने के बाद कोई भी परिवार नाम या सदस्य बदलकर दोबारा आवेदन नहीं कर सकेगा। पोर्टल एक परिवार का आवेदन केवल एक बार ही स्वीकार करेगा।
अब तक की व्यवस्था में आवेदन के दौरान पति, पत्नी और परिवार के केवल एक सदस्य का ही आधार कार्ड अपलोड किया जाता था। इसका लाभ उठाकर परिवार के अन्य सदस्य अलग-अलग नामों से दोबारा आवेदन कर लेते थे और योजना का अनुचित लाभ हासिल कर लेते थे।
इस गड़बड़ी को रोकने के लिए सरकार ने आवेदन प्रक्रिया में बदलाव किया है। शहरी निकाय क्षेत्रों में पात्र और मकान विहीन परिवारों को प्रधानमंत्री शहरी आवास योजना के तहत आवास उपलब्ध कराए जा रहे हैं।
जिले की दस नगर निकायों से अब तक करीब दस हजार लोगों ने आवास के लिए आवेदन किया है। इन सभी आवेदनों का सत्यापन डूडा विभाग द्वारा कराया जा रहा है।
नई प्रक्रिया के तहत अब आवेदक को परिवार के सभी सदस्यों का आधार कार्ड विवरण देना होगा। आधार के मिलान के बाद ही आवेदन प्रक्रिया पूरी होगी।
यदि किसी परिवार की ओर से पहले से आवेदन किया जा चुका होगा, तो पोर्टल दोबारा आवेदन स्वीकार नहीं करेगा। पीओ डूडा सुभाषवीर सिंह ने बताया कि नई व्यवस्था से योजना में पारदर्शिता आएगी और वास्तविक जरूरतमंद परिवारों को ही आवास का लाभ मिल सकेगा। |
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