जागरण संवाददाता, प्रयागराज। तालाब में गिरे एयरफोर्स का विमान देखने के लिए सैकड़ों की भीड़ रेलवे पटरी पर भी जमा हो गई। पुलिस ने बड़ी मशक्कत के बाद किसी तरह वहां से हटाया। पुलिस अधिकारियों ने रेस्क्यू आपरेशन में एयरफोर्स का हर तरह से सहयोग किया, जिसके चलते शाम तक विमान को बाहर लाया जा सका। इस दौरान खुफिया एजेंसी के अधिकारी भी घटना को लेकर अपने-अपने स्तर पर इनपुट जुटाते रहे।
बुधवार दोपहर अचानक केपी कालेज के पीछे तालाब में एयरफोर्स का एक विमान गिरा तो तेज आवाज सुनकर आसपास के लोग दौड़ पड़े। विमान हादसे के खबर मिलते ही पुलिस अधिकारियों, कर्मचारियों में भी खलबली मच गई। इंस्पेक्टर जार्जटाउन रोहित तिवारी फोर्स के साथ मौके पर पहुंचे और स्थिति को संभाला।
थोड़ी ही देर में डीसीपी सिटी मनीष शांडिल्य, कर्नलगंज एसीपी राजीव यादव, इंस्पेक्टर संजय कुमार, कीडगंज थाना प्रभारी वीरेंद्र यादव भी फोर्स के साथ पहुुंच गए। तब तक तालाब के चारों तरफ हजारों महिलाओं, बच्चों, बुजुर्ग और युवाओं की भीड़ जुट गई।
अधिकांश लोग अपने-अपने मोबाइल में वीडियो और फोटो बनाने लगे। इसी बीच अपनी जान की पहवाह किए बिना सैकड़ों लोग रेलवे पटरी पर जमा हो गए। तमाशबीनों की भीड़ के बीच एक ट्रेन तेजी से हार्न बजाते हुए आने लगी तो वहां मौजूद पुलिस अधिकारी, कर्मचारी सतर्क हो गए।
आनन-फानन किसी तरह भीड़ को हटाया लेकिन ट्रेन के गुजरते ही वहां फिर खड़े हो गए। तब पुलिस ने हैंड लाउडर की मदद से घर जाने की बात दोहराई, लेकिन लोग तैयार नहीं हुए। इस पर थोड़ी सख्ती के साथ वहां से सभी को हटाया, जिससे रेस्क्यू और दूसरे कार्य में किसी तरह की बाधा नहीं उत्पन्न होने पाए। भीड़ को हटाने के लिए पुलिस और पीएसी के जवानों को कई घंटे तक मशक्कत करनी पड़ी।
एसडीआरफ ने खींचा रस्सा तो बाहर आया विमान-
तालाब में जलकुंभी होने के कारण विमान को बाहर निकालना मुश्किल हो रहा था। एयरफोर्स के अधिकारियों और जवानों ने किसी तरह विमान में रस्सा बंधवाया, जिसे एसडीआरएफ के जवानों ने खींचा। तब कहीं जाकर विमान को बाहर लाया जा सका। |