ड्रिंकिंग हॉर्न: शौर्य, सम्मान और प्राचीन स्कैंडिनेवियाई परंपरा का बेजोड़ संगम
https://www.jagranimages.com/images/2026/02/22/article/image/Drinking-Horn-1771750198832_m.webpयोद्धाओं के शौर्य और सम्मान का प्रतीक थे \“ड्रिंकिंग हॉर्न\“ (Image Source: AI-Generated)
लाइफस्टाइल डेस्क, नई दिल्ली। \“ड्रिंकिंग हॉर्न\“ केवल मदिरा पीने का एक साधारण बर्तन नहीं था, बल्कि इसे समाज में प्रतिष्ठा और सम्मान की नजर से देखा जाता था। डेनमार्क में लौह युग की कब्रों की खुदाई के दौरान मिले ड्रिंकिंग हॉर्न इस बात का प्रमाण हैं कि यह परंपरा बहुत प्राचीन है और इसका गहरा नाता तत्कालीन सामाजिक और धार्मिक अनुष्ठानों से था। 15वीं शताब्दी की शुरुआत से ही स्कैंडिनेविया की यह धरोहर वहां की पेय परंपरा की एक उत्कृष्ट मिसाल रही है।
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कैसे बनाए जाते थे ये ऐतिहासिक सींग?
इन खास बर्तनों को बनाने के लिए मुख्य रूप से बैल के सींगों का इस्तेमाल किया जाता था। इन्हें शाही और आकर्षक लुक देने के लिए शिल्पकार इनके किनारों पर सोने या चांदी की मढ़ाई करते थे।
आज के समय में प्राप्त हुए इन पात्रों को देखने पर पता चलता है कि इन पर गॉथिक शैली की बेहद बारीक नक्काशी की जाती थी और पौराणिक कथाओं से जुड़े रूपांकन उकेरे जाते थे।
योद्धाओं, देवताओं और कूटनीति का हिस्सा
ड्रिंकिंग हॉर्न का इस्तेमाल मुख्य रूप से शाही दरबारों, योद्धाओं की महफिलों और कुलीन वर्ग के भोजों में शराब या मदिरा परोसने के लिए होता था। इसका महत्व केवल दावतों तक सीमित नहीं था:
[*]सम्मान और भाईचारे का प्रतीक: कई नॉर्स गाथाओं में इसका जिक्र मिलता है। देवताओं के भोज और योद्धाओं को सम्मानित करने के लिए इनका उपयोग किया जाता था। यह वीरता, निष्ठा और सामुदायिक एकता का एक मजबूत प्रतीक माना जाता था।
[*]शाही उपहार: अपने विशिष्ट और कीमती स्वरूप के कारण, कभी-कभी इन सींगों को महत्वपूर्ण कूटनीतिक भेंट या राजकीय उपहार के रूप में भी दूसरे राज्यों को दिया जाता था।
आज कहां देख सकते हैं ये ऐतिहासिक धरोहर?
वाइकिंग और लौह युग की इस बेहतरीन कला, जीवनशैली और परंपरा की झलक आज भी दुनिया के कई संग्रहालयों में सुरक्षित है:
[*]डेनमार्क और ऑस्ट्रिया: प्राचीन ड्रिंकिंग हॉर्न का एक बहुत बड़ा और शानदार संग्रह डेनमार्क के नेशनल म्यूजियम में प्रदर्शित है। इसके अलावा ऑस्ट्रिया के संग्रहालयों में भी इसके कई नमूने देखे जा सकते हैं।
[*]आयरलैंड का खास सींग: ड्रिंकिंग हॉर्न का एक बहुत ही मशहूर और अनोखा उदाहरण \“कावानाह चार्टर हॉर्न\“ है। यह इसलिए बेहद खास है क्योंकि यह आम सींगों की तरह बैल के सींग से नहीं, बल्कि हाथी दांत से बना है। इसे आज भी नेशनल म्यूजियम आयरलैंड में सुरक्षित रखा गया है।
आज के आधुनिक युग में भी स्कैंडिनेवियाई देशों में होने वाले सांस्कृतिक कार्यक्रमों और वाइकिंग उत्सवों में ड्रिंकिंग हॉर्न का प्रतीकात्मक रूप से इस्तेमाल किया जाता है, जो उनके गौरवशाली इतिहास को आज भी जीवित रखे हुए है।
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