दिल्ली पुलिस का बड़ा एक्शन, कारोबारी की हत्या मामले में लॉरेंस बिश्नोई गिरोह के पांच गुर्गे गिरफ्तार
दिल्ली के बवाना इंडस्ट्रियल एरिया में हाल ही में एक 35 वर्षीय व्यापारी की हत्या हुई थी। अब इस मामले में लॉरेंस बिश्नोई गिरोह के पांच सदस्यों को गिरफ्तार किया गया है। पुलिस ने रविवार को बताया कि लॉरेंस बिश्नोई गैंग (Lawrence Bishnoi Gang) के पांच सदस्यों को गिरफ्तार किया गया है। इन पर बाहरी-उत्तरी दिल्ली के बवाना इंडस्ट्रियल एरिया में 35 साल के एक व्यवसायी की हत्या में शामिल होने का आरोप है।पुलिस का बड़ा एक्शन
अधिकारी के अनुसार, पुलिस को खास खुफिया सूचना मिली थी, जिसके आधार पर दिन के समय कुछ संदिग्धों को पकड़ने की कार्रवाई की गई। जब पुलिस ने उन्हें घेरा और रुकने के लिए कहा, तो आरोपियों ने कथित तौर पर भागने की कोशिश की और पुलिस टीम पर गोलियां चला दीं। इसके बाद पुलिस ने आत्मरक्षा में जवाबी फायरिंग की, जिससे थोड़ी देर के लिए मुठभेड़ जैसी स्थिति बन गई। पुलिस ने सभी आरोपियों को काबू में कर लिया और आगे की जांच जारी है।
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हुआ एनकाउंटर
मुठभेड़ के दौरान एक आरोपी के पैर में गोली लगी, जिसके बाद उसे पकड़ लिया गया। पुलिस के मुताबिक, उसी समय तीन आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया गया था। बाद में दो और लोगों को भी हिरासत में लिया गया। इस तरह इस मामले में कुल पांच लोगों की गिरफ्तारी हो चुकी है। पुलिस ने यह भी बताया कि पूरे ऑपरेशन के दौरान उनके किसी भी जवान को गंभीर चोट नहीं आई। यह मामला 9 फरवरी का है, जब प्लास्टिक दाने बनाने वाले कारोबारी वैभव गांधी की दिन में करीब 12:50 बजे हत्या कर दी गई थी। यह घटना DSIDC इंडस्ट्रियल एरिया, सेक्टर-4 में उनकी फैक्ट्री के पास हुई थी।
जांच अधिकारियों के अनुसार, इस हमले में चार लोग शामिल थे। आरोप है कि हमलावरों ने पहले उनकी कार की चाबी छीनने की कोशिश की। जब वैभव गांधी ने विरोध किया, तो आरोपियों ने जबरन उनका लैपटॉप बैग छीना और फिर नजदीक से गोली मार दी। पुलिस मामले की आगे जांच कर रही है। घटना के बाद पुलिस ने वैभव गांधी की कार की तलाशी ली, जिसमें से करीब 1 करोड़ रुपये नकद बरामद हुए।
हत्या के एक दिन बाद सोशल मीडिया पर एक पोस्ट सामने आई, जिसमें कथित तौर पर लॉरेंस बिश्नोई गैंग (Lawrence Bishnoi Gang) के नाम से इस वारदात की जिम्मेदारी ली गई। यह पोस्ट “रणदीप मलिक अनिल पंडित” नाम के एक अकाउंट से डाली गई थी। पोस्ट में दावा किया गया कि यह हत्या लॉरेंस बिश्नोई गैंग के साथ-साथ अन्य गैंगों, जैसे जितेंद्र गोगी, हाशिम बाबा और काला राणा से जुड़े लोगों की ओर से की गई है। पुलिस इस सोशल मीडिया पोस्ट की भी जांच कर रही है।
पुलिस के मुताबिक, सोशल मीडिया पोस्ट में आरोप लगाया गया था कि वैभव गांधी गैंग की गतिविधियों में दखल दे रहे थे। पोस्ट में यह भी चेतावनी दी गई थी कि जो कोई भी उनके काम में रुकावट डालेगा, उसका अंजाम भी ऐसा ही होगा। जांच अधिकारियों ने बताया कि हमलावर मोटरसाइकिल पर आए थे। उन्होंने कई राउंड गोलियां चलाईं और गांधी का करीब 40–50 मीटर तक पीछा किया। इसी दौरान एक गोली उनकी ठुड्डी में लगी, जिससे वह मौके पर गिर पड़े। उन्हें तुरंत पास के अस्पताल ले जाया गया, लेकिन डॉक्टरों ने वहां उन्हें मृत घोषित कर दिया। पुलिस मामले की आगे जांच कर रही है।
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