अब यात्रियों को ट्रेनों में आसानी से मिलेगी कंफर्म सीट, रेलवे ने नियमों में किया ये बड़ा बदलाव
https://www.jagranimages.com/images/2026/02/15/article/image/download-1771099285675_m.webpप्रतीकात्मक तस्वीर
जागरण संवाददाता, प्रयागराज। भारतीय रेलवे ने अपनी आय बढ़ाने और संसाधनों के बेहतर उपयोग की दिशा में एक बड़ा नीतिगत बदलाव किया है। ट्रेन संचालन में तैनात \“ऑन-बोर्ड स्टाफ\“ (एसी और वेंडिंग स्टाफ) को मिलने वाली बर्थ के नियमों में कटौती कर रेलवे ने सीधे तौर पर अपने राजस्व को बढ़ाने का खाका तैयार किया है। इस नई व्यवस्था से न केवल यात्रियों को कंफर्म सीटें मिलेंगी, बल्कि प्रीमियम कोचों से होने वाली कमाई में भी बड़ा उछाल आएगा।
रेलवे के नए नियमों के मुताबिक, अब एसी प्रथम और एसी द्वितीय में \“ऑन-बोर्ड स्टाफ\“ के नाम पर एक भी सीट \“ब्लॉक\“ नहीं रहेगी। अभी तक इन कोचों की कीमती सीटें मेंटेनेंस स्टाफ के पास रहती थीं, जिससे रेलवे को किराए का नुकसान होता था। अब ये सीटें यात्रियों के लिए उपलब्ध होंगी।
हर ट्रेन में औसतन चार से छह सीटें खाली होने से रेलवे को प्रतिदिन लाखों रुपये के अतिरिक्त राजस्व की प्राप्ति होगी। राजस्व को अधिकतम करने के लिए रेलवे ने पुराने सभी सर्कुलर (2016 और 2018) को रद कर दिया है। नई व्यवस्था के तहत अब स्टाफ को फर्स्ट या सेकंड एसी में सीट नहीं मिलेगी।
राजधानी और दुरंतो जैसी ट्रेनों में इन्हें सबसे निचली श्रेणी (थर्ड एसी) में केवल दो बर्थ मिलेंगी। स्लीपर वाली ट्रेनों में इन्हें अनिवार्य रूप से स्लीपर क्लास में ही भेजा जाएगा। हाउसकीपिंग स्टाफ (ओबीएचएस के तहत सफाईकर्मियों के लिए \“स्प्रेड माडल\“ लागू होगा, जिसके तहत उन्हें स्लीपर या थर्ड एसी में केवल साइड लोअर की कुल चार बर्थ दी जाएगी। वहीं, वेंडिंग स्टाफ के लिए जिन ट्रेनों में पेंट्री कार है, वहां वेंडिंग स्टाफ को कोच के भीतर एक भी सीट नहीं दी जाएगी।
उन्हें पेंट्री कार में ही रहना होगा। जहां पेंट्री कार नहीं है, उन ट्रेनों में दो सीटें मिलेंगी। रेलवे बोर्ड के निदेशक (पैसेंजर मार्केटिंग) संजय मनोचा द्वारा ने इसके लिए सभी जोन के महाप्रबंधक को निर्देश जारी कर दिया है। अक्सर देखा जाता था कि स्टाफ के नाम पर आरक्षित सीटों का दुरुपयोग होता था, जिससे रेलवे को वित्तीय चपत लगती थी। अब इन सीटों के सिस्टम में आने से वेटिंग लिस्ट कम होगी और यात्रियों द्वारा चुकाए गए किराए से सीधे रेलवे का मुनाफा बढ़ेगा।
यह भी पढ़ें- रेल यात्री ध्यान दें! 27 मार्च तक कैंसिल रहेंगी ये ट्रेनें, कई ट्रेनों का बदलेगा रूट
Pages:
[1]