क्या पूर्वांचल एक्सप्रेस-वे पर सफर करना सुरक्षित है? विधान परिषद में उठा गुणवत्ता का मामला, विपक्ष ने सरकार को घेरा
https://www.jagranimages.com/images/2026/02/13/article/image/Purvanchal-Expressway--1770998990949_m.webpराज्य ब्यूरो, लखनऊ। विधान परिषद में समाजवादी पार्टी ने पूर्वांचल एक्सप्रेसवे की गुणवत्ता का मुद्दा उठाया। सपा के सदस्य शाह आलम ने कहा कि एक्सप्रेसवे की गुणवत्ता आम लोगों की सुरक्षा से जुड़ा प्रश्न है। एक्सप्रेसवे की गुणवत्ता सुनिश्चित कराने के लिए समिति का गठन कर सुरक्षा आडिट कराया जाए। वहीं भाजपा के इंजीनियर अवनीश कुमार सिंह व डा. मानवेन्द्र प्रताप सिंह \“\“गुरु जी\“\“ ने अधिवक्ताओं व पत्रकारों को भी कैशलेस चिकित्सा सुविधा के दायरे में लाने की मांग की।
शुक्रवार को भोजनावकाश के बाद राज्यपाल के अभिभाषण (धन्यवाद प्रस्ताव) पर चर्चा के दौरान सपा के राजेन्द्र चौधरी ने कानून व्यवस्था के मुद्दे पर सरकार को घेरा। उन्होंने कहा कि राज्य की कानून व्यवस्था इतनी खराब हो चुकी है कि महिलाएं घरों से निकलने में डरती हैं। पुलिस थाने से लेकर तहसील तक में भ्रष्टाचार है। बुलडोजर और फर्जी एनकाउंटर की सरकार ने यूपी को गर्त में ढकेल दिया है। उन्होंने धन्यवाद प्रस्ताव का विरोध किया।
इससे पहले भाजपा के सुभाष यदुवंशी ने कहा कि विपक्ष ने राज्यपाल की मातृ शक्ति का भी सम्मान नहीं किया। पूरी दुनिया ने मीडिया के जरिये विपक्ष की अराजकता देखी, जिससे राज्य की छवि धूमिल हुई। उन्होंने कहा कि सपा सरकार में राज्य में कट्टे की फैक्टरी लगी थीं, हमारी सरकार ने ब्रह्मोस की फैक्टरी लगाई है।
उन्होंने विपक्ष से आग्रह किया कि मथुरा में भगवान कृष्ण का मंदिर बनवाने में सहयोग करें। भाजपा के विजय बहादुर पाठक ने कहा कि कानून व्यवस्था में उत्तर प्रदेश सर्वश्रेष्ठ है। हमारी सरकार एक जिला, एक उत्पाद की मूल अवधारणा पर अग्रसर है। उन्होंने धन्यवाद प्रस्ताव का समर्थन किया।
भाजपा के सुभाष यदुवंश ने कहा कि महिलाओं, नौजवानों व किसानों के हितों पर हमारी सरकार विशेष ध्यान दे रही है। भाजपा के राम चन्द्र प्रधान ने धन्यवाद प्रस्ताव के समर्थन में कहा कि हमारी सरकार में बहन-बेटियां बेखौफ कहीं भी आ-जा सकती। भाजपा के डा. सुधीर गुप्ता, कुंवर महाराज सिंह, जसवन्त सिंह सैनी, चन्द्र शर्मा, दारा सिंह चौहान, मानवेन्द्र सिंह एवं अशोक अग्रवाल ने भी धन्यवाद प्रस्ताव का समर्थन किया।
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