सौर ऊर्जा में यूपी में तीसरे पायदान पर कानपुर, सरकार से सब्सिडी मिलने से बढ़ रहा लोगों में रुझान
https://www.jagranimages.com/images/2026/01/10/article/image/Kanpur-Solar-Rooftop-1768068375971.jpgजागरण संवाददाता,कानपुर। सोलर सिटी बनने की ओर जिले के कदम लगातार आगे बढ़ रहे हैं। फरवरी 2024 से अब तक जिले में 20,399 घरों पर सोलर रूफटाप सिस्टम लगाए जा चुके हैं। इनसे करीब 63 मेगावाट प्रति घंटा सौर ऊर्जा का उत्पादन हो रहा है। सोलर रूफटाप स्थापना के मामले में कानपुर, लखनऊ और वाराणसी के बाद प्रदेश में तीसरे स्थान पर पहुंच है। जिससे आम के बिजली के बिल में बड़ी राहत भी मिल रही है।
जिले में प्रतिदिन औसतन 80 से 90 नए सोलर सिस्टम लगाए जा रहे हैं। हाउसिंग सोसाइटी और आरडब्ल्यूए के माध्यम से भी सामूहिक रूप से लोग इस योजना से जुड़ रहे हैं। अपार्टमेंट और आवासीय परिसरों के कामन एरिया में सोलर सिस्टम लगाकर साझा बिजली खर्च कम किया जा रहा है, जिससे बड़ी संख्या में परिवारों को लाभ मिल रहा है।
ऊर्जा विभाग के आंकड़ों के अनुसार, एक मेगावाट बिजली उत्पादन में करीब 7100 रुपये प्रति घंटे का खर्च आता है। ऐसे में सोलर रूफटाप के जरिए उपभोक्ता सामूहिक रूप से प्रतिघंटा लगभग पांच लाख रुपये तक के बिजली बिल खर्च की बचत कर रहे हैं। हालांकि केस्को और दक्षिणांचल क्षेत्रों में स्मार्ट मीटर लगने के बाद उपभोक्ताओं को सटीक बचत की जानकारी बिल में स्पष्ट रूप से नहीं मिल पा रही है, जिसे लेकर उपभोक्ता परेशान भी हो रहे हैं।
सरकार से यह मिलती है सब्सिडी
सरकार की ओर से एक किलोवाट क्षमता के सोलर रूफटाप पर केंद्र सरकार 30 हजार रुपये और राज्य सरकार 15 हजार रुपये की सब्सिडी दे रही है। इस तरह कुल 45 हजार रुपये का अनुदान मिलता है। योजना के तहत अधिकतम 1.08 लाख रुपये तक की सब्सिडी तय की गई है। सोलर सिस्टम की लागत 60 से 65 हजार रुपये प्रति किलोवाट आती है और इससे प्रतिदिन औसतन पांच यूनिट बिजली का उत्पादन होता है। परियोजना अधिकारी राकेश कुमार पाण्डेय के अनुसार, आने वाले समय में और अधिक घरों को सोलर ऊर्जा से जोड़ने का लक्ष्य है।
आनलाइन आवेदन से मिलेगा लाभ
इस योजना को प्रदेश में मिशन मोड में लागू किया गया है और जिले की जिम्मेदारी नेडा को सौंपी गई है। आवेदन की पूरी प्रक्रिया आनलाइन है और pmsuryaghar.gov.in पोर्टल के माध्यम से की जा रही है। पात्र उपभोक्ताओं को छह से सात प्रतिशत ब्याज दर पर आसान किस्तों में लोन की सुविधा भी दी जा रही है।
बोले उपभोक्ता
बिजली बिल हर महीने चिंता का कारण रहता था, लेकिन सोलर रूफटाप लगने के बाद बिजली का खर्च न के बराबर हो गया है। हालांकि बिजली की कितनी बचत हुई, इसकी जानकारी नहीं मिलने से परेशानी होती है।
अंजना नाथ, सूर्य विहार नवाबगंज
सीमित पेंशन में बिजली का बोझ बढ़ रहा था, लेकिन सूर्य घर योजना से काफी राहत मिली है। सब्सिडी मिलने से उपभोक्ताओं को कम खर्च भी करना पड़ रहा है। वहीं बिजली की बचत होने से बिल भी कम आता है।
अशोक कुमार श्रीवास्तव,दर्शनपुरवा
यह योजना न सिर्फ आम नागरिकों को बिजली बिल से राहत दे रही है, बल्कि कानपुर को हरित ऊर्जा की दिशा में मजबूत बना रही है।
जितेन्द्र प्रताप सिंह, जिलाधिकारी
Pages:
[1]