हाजीपुर में नवजात शव मिलने के बाद बड़ा एक्शन, एक अस्पताल सील; 15 को मिली नोटिस
https://www.jagranimages.com/images/2026/01/10/article/image/VAISHALI-HOSPITAL-NEWS-1768063426791.jpgअस्पताल की जांच करते सिविल सर्जन। (जागरण)
जागरण संवाददाता, हाजीपुर। डीएम वर्षा सिंह के निर्देशानुसार सिविल सर्जन वैशाली के द्वारा नगर थाना क्षेत्र अंतर्गत 17 नर्सिंग अस्पतालों की जांच की गई। जांच के दौरान 15 अस्पतालों में विभिन्न कमियां और अनियमितता मिलने पर कारण बताओं नोटिस निर्गत किया गया है।
असंतोष जवाब पाए जाने पर अस्पताल संचालक के विरुद्ध कठोर दंडात्मक कार्रवाई की जाएगी। इसी दौरान अस्पताल रोड स्थित साइन इमरजेंसी हॉस्पिटल एंड क्लीनिक की गतिविधि संदेहास्पद पाए जाने के आलोक में अस्पताल संचालक के विरुद्ध प्राथमिकी दर्ज कराते हुए अस्पताल को सील कर दिया गया एवं उसकी सभी गतिविधि पर प्रतिबंध लगा दिया गया है।
गौरतलब हो कि बीते दिनों नगर थाना क्षेत्र के अस्पताल रोड स्थित कोऑपरेटिव बैंक गेट के निकट सड़क पर एवं पोखरा मुहल्ला स्थित सड़क पर दो नवजात शिशु का शव मिला था। दोनों मामलों में नगर थाना में अज्ञात के विरुद्ध प्राथमिकी दर्ज कराई गई थी।
इसी को लेकर डीएम के निर्देश के आलोक में सिविल सर्जन डॉक्टर श्यामनंदन प्रसाद के द्वारा नगर थाना क्षेत्र के 17 नर्सिंग अस्पतालों की जांच की गई। जिसमें 15 अस्पतालों को विभिन्न कमियां एवं अनियमितता पाए जाने पर कारण बताओं नोटिस जारी किया गया है।
नवजात शिशुओं को इतनी क्रूरता से मारा जाना एक जगन ने अपराध है। जिला पदाधिकारी के द्वारा सिविल सर्जन एवं अनुमंडल पदाधिकारी हाजीपुर को ऐसे संस्थानों पर विशेष निगरानी रखने हेतु स्पष्ट निर्देश दिया गया है। जो भी अस्पताल इसमें दोषी पाए जाएंगे उनके विरुद्ध करी दंडात्मक कार्रवाई की जाएगी।
शहर में अवैध रूप से संचालित किया जा रहा दर्जनों अस्पताल
हाजीपुर शहर के अस्पताल रोड, एसडीओ रोड, पोखरा मुहल्ला, नवीन सिनेमा रोड, जोहरी बाजार,सुभाष चौक सहित अन्य जगह पर अवैध रूप से अस्पताल जांच घर संचालित किया जा रहा है। जिसमें डॉक्टर एवं अन्य स्वास्थ्य कर्मी नहीं रहते हैं।
बिचौलियों के माध्यम से किसी तरह मरीज अस्पताल में भर्ती करवाया जाता है, उसके बाद किसी तरह मरीज का इलाज किया जाता है। शहर में ऐसे दर्जनों अस्पताल जांच घर अल्ट्रासाउंड एक्स-रे केंद्र है जहां पर नियमित रूप से डॉक्टर एवं अन्य प्रशिक्षित स्वास्थ्य कर्मी नहीं रहते हैं।
आए दिन अस्पताल में मरीजों की ढंग से इलाज नहीं किए जाने पर मौत की सूचना के बाद हंगामा होती है। स्वास्थ्य विभाग के द्वारा नियमित रूप से शहर में अस्पतालों की जांच नहीं की जाती है। शहर में वैसे दर्जनों अस्पताल जांच घर अल्ट्रासाउंड एक्सरे सेंटर है, जिसे जांच कर कार्रवाई करने की आवश्यकता है।
नगर थाना क्षेत्र अंतर्गत अस्पतालों में दो दिनों से जांच की जा रही है। कल भी यह अस्पताल संचालक बंद करके भाग गया था। इसलिए हम लोग पुलिस बल के साथ आए हैं। अंदर खोलवा कर देखना है। उन्होंने कहा कि अस्पताल में गलत गतिविधि है, इसलिए इसके द्वारा गेट नहीं खोला जा रहा था। यहां कुछ क्रिटिकल मरीज भर्ती है, ना डॉक्टर है ना कंपाउंड है। ऐसे ही ऑक्सीजन चल रहा है। ऐसे मरीज का इलाज थोड़े होता है। मरीज को एंबुलेंस बुलाकर सदर अस्पताल शिफ्ट किया जा रहा है। इसके बाद कठोर कार्रवाई की जाएगी।
-
डॉ. श्याम नंदन प्रसाद, सिविल सर्जन, वैशाली
Pages:
[1]