बिहार कांग्रेस की बैठक में तीन विधायक गायब, 10 जनवरी से मनरेगा बचाओ अभियान की तैयारी; राजेश राम ने दी सफाई
https://www.jagranimages.com/images/2026/01/09/article/image/congress-1767929217832.jpgराजेश राम ने दी सफाई
राज्य ब्यूरो, पटना। केंद्र सरकार द्वारा लाए गए वीबी-जीरामजी के खिलाफ कांग्रेस 10 जनवरी से मनरेगा बचाओ संग्राम कार्यक्रम चलाएगी। आयोजन के दौरान कांग्रेस मनरेगा विरोधी नीति के खिलाफ पूरे प्रदेश में जन-जन को जागरूक करेगी और सड़क से सदन तक संघर्ष करेगी। पार्टी के कार्यकर्ता गांव-गांव जाकर केंद्र सरकार की नीतियों की सच्चाई जनता के सामने रखेंगे।
आयोजन की सफलता के लिए पार्टी के प्रदेश अध्यक्ष राजेश राम ने पार्टी पदाधिकारियों के साथ उच्चस्तरीय बैठक कर कार्यक्रम की रूपरेखा निर्धारित की।
बैठक को संबोधित करते हुए राजेश राम ने कहा कि केंद्र सरकार द्वारा लाया गया नया कानून, मनरेगा की मूल भावना पर सीधा हमला है। यह कानून गरीबों, मजदूरों और ग्रामीण जनता के रोजगार के अधिकार को कमजोर करने वाला है।
मनरेगा केवल एक योजना नहीं, बल्कि करोड़ों गरीब परिवारों की आजीविका की वैधानिक गारंटी है, जिसे किसी भी कीमत पर खत्म नहीं होने दिया जाएगा। बैठक में पार्टी के तमाम नेता, कार्यकर्ता शामिल रहे।
बैठक से तीन एमएलए रहे गायब
मनरेगा बचाओ संग्राम कार्यक्रम की रूपरेखा तैयार करने को बुलाई गई बैठक में पार्टी के छह में से तीन विधायक नदारद रहे। अबीदुररहमान, मनोहर प्रसाद और मनोज विश्वास को छोड़ तीन विधायक बैठक में नहीं आए। प्रदेश अध्यक्ष राजेश राम ने विधायकों की अनुपस्थिति पर सफाई देते हुए कहा कि वे अपने-अपने क्षेत्रों में पार्टी कार्यों में व्यस्त थे।
आयोजित होने वाले कार्यक्रम
10 फरवरी को जिलास्तरीय प्रेस कांफ्रेंस। 11 को एक दिवसीय उपवास। 12 से 29 जनवरी तक पंचायत स्तर पर चौपालें, जनसंपर्क, नुक्कड़ सभाएं। 30 जनवरी को वार्ड व ब्लाक स्तर पर शांतिपूर्ण धरना। 31 जनवरी से 6 फरवरी तक डीएम कार्यालयों पर धरना।
7 से 15 फरवरी के बीच राज्य स्तर पर विधानसभाओं का घेराव। 16 से 25 फरवरी के दौरान एआईसीसी द्वारा आयोजित क्षेत्रीय रैलियों के साथ अभियान का समापन।
Pages:
[1]